Advertisement

आफत की बारिश:दो दिन की भारी बारिश से नाला उफान पर, इसे पार कर स्कूल गए बच्चे

जिले में सोमवार और मंगलवार को 48 घंटे में 100 मिमी बारिश हुई। इससे नदी नाले ऊफान पर आ गए हैं। जलस्तर बढ़ने से अंदरूनी इलाकों के ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ती जा रही है। पढ़ाई, स्वास्थ्य, राशन व खेती किसानी के लिए ग्रामीणों को मजबूरी में जान जोखिम में डाल नदी नाला पार करना पड़ रहा है। अंदरूनी इलाके से एसी कई तस्वीरें सामने आ रही है जिसमें छात्रों को स्कूल पहुंचने तेज बहाव वाले नदी नालों को पार करने जद्दोजहद करनी पड़ रही है। जहां ज्यादा पानी है, वहां के छात्र पढ़ाई व परीक्षा से वंचित हो रहे हैं। दो दिन बारिश के बीच ऐसी ही एक तस्वीर कोयलीबेड़ा विकासखंड के ग्राम अंजाड़ी नाला की आई। ग्राम पंचायत घोड़ागांव से आश्रित ग्राम अंजाड़ी की दूरी 5 किमी है। हाईस्कूल के 13 विद्यार्थी रोज पैदल घोड़ागांव स्कूल पहुंचते हैं। गांव से निकलते ही कुछ दूरी पर अंजाड़ी नाला है। इसमें पानी होने से साइकिल या वाहन पार नहीं हो सकता। छात्रों को यहां बने स्टापडैम के उपर से बह रहे पानी को पार करना होता है। तेज बहाव के दौरान नाला पार करने में हमेशा खतरा बना रहता है। बारिश से पानी भराव: बच्चों को स्कूल जाने में हो रही मुश्किल
नवागढ़ ब्लॉक की ग्राम पंचायत कचंदा की मुख्य गली खेलवारपारा वार्ड नंबर 5 में बरसात के दिनों में पानी का भराव हो जाता है। इससे स्थानीय लोग खासकर स्कूल जाने वाले बच्चे परेशानी का सामना कर रहे हैं। बजरंग चौक क्षेत्र में पानी भराव की समस्या इतनी गंभीर हो गई है कि छोटे बच्चे स्कूल तक नहीं पहुंच पाते। सरस्वती शिशु मंदिर मिडिल स्कूल, प्राइमरी स्कूल और ज्ञान उत्सव स्कूल विद्यासागर जाने वाले छात्र-छात्राओं को सबसे ज्यादा दिक्कत होती है। 10 छात्र परीक्षा से वंचित भानुप्रतापपुर से मात्र 5 किमी दूर स्थित रानीडोंगरी गावड़ेपारा के दुमुहान नदी उफान पर होने से 25 सितंबर को 10 छात्र तिमाही परीक्षा में शामिल होने रानीडोंगरी स्कूल नहीं पहुंच पाए। इसे लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। बारिश के दौरान इस नदी में पुल नही होने से आवागमन पूरी तरह प्रभावित रहता है। स्वास्थ्य संबंधी आपातकालीन स्थिति में समय पर मरीज अस्पताल नहीं पहुंच पाते। सचिवालय से लेकर मुख्यमंत्री जनचौपाल, सुशासन तिहार, सरपंच, जनपद पंचायत, जनप्रतिनिधि, विधायक, जिला प्रशासन, सांसद और मुख्यमंत्री तक गुहार लगाई गई, लेकिन समस्या नहीं सुलझी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *